जबलपुर- मध्यप्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश के चलते बरगी बांध का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए बुधवार को बांध के सभी 13 गेट खोल दिए गए हैं। गेटों को औसतन 2.15 मीटर की ऊंचाई तक खोलकर 3,988 क्यूमेक पानी नर्मदा नदी में छोड़ा जा रहा है।
बरगी बांध प्रबंधन के अनुसार 5 गेट 3 मीटर, 4 गेट 2 मीटर, 2 गेट 1.5 मीटर और 2 गेट 1 मीटर की ऊंचाई तक खोले गए हैं। बड़ी मात्रा में पानी छोड़े जाने से नर्मदा नदी में उफान की स्थिति बन गई है और घाटों पर जलस्तर में 8 से 10 फीट तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
भेड़ाघाट जलप्रपात डूबा, गौरीघाट की दुकानें पानी में
नर्मदा के जलस्तर में अचानक आई बढ़ोतरी का असर जबलपुर के प्रसिद्ध पर्यटन एवं धार्मिक स्थलों पर भी दिखाई दे रहा है। भेड़ाघाट का जलप्रपात पूरी तरह पानी में डूब गया है, वहीं गौरीघाट पर नदी किनारे स्थित दुकानें और छोटे मंदिर जलमग्न हो गए हैं। नदी के रौद्र रूप को देखते हुए तटीय इलाकों में चिंता बढ़ गई है।
तीन जिलों में प्रशासन अलर्ट
बरगी बांध से लगातार पानी छोड़े जाने के बाद जबलपुर, नरसिंहपुर और नर्मदापुरम जिलों में प्रशासन ने अलर्ट जारी कर दिया है। प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें सतर्क हैं तथा नदी के निचले तटीय क्षेत्रों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
प्रशासन ने आम नागरिकों और पर्यटकों से नर्मदा नदी के घाटों एवं तटीय क्षेत्रों से सुरक्षित दूरी बनाए रखने की अपील की है। नदी किनारे बसे गांवों में भी सुरक्षा व्यवस्था मजबूत कर दी गई है। प्रशासन ने लोगों से चेतावनियों का पालन करने और बढ़ते जलस्तर के दौरान नदी किनारे न जाने की अपील की है।
बरगी के 13 गेट खुलने के बाद नर्मदा के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है।